महिलाओं की सुरक्षा घेरा और मजबूत करने की जरूरत: डीजीपी

Spread the love

-वीमेन पावर लाइन -1090 का दस वां स्थापना दिवस
-डीजीपी ने जन-जागरूकता कार्यक्रमों का किया शुभारंभ

लखनऊ। वीमेन पावर लाइन-1090 के दसवें स्थापना दिवस के अवसर पर ”मिशन शक्ति फेज 3.0 के अन्तर्गत महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन (1090)ने महिला सुरक्षा की जागरुकता के उद्देश्य से सामुदायिक भागीदारी एवं जन जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि पुलिस महानिदेशक मुकुल गोलय मौजूद रहे।

डीजीपी मुकुल गोयल ने इस अवसर पर जन जागरूकता कार्यक्रम का शुभारम्भ किया। साथ ही महिला सुरक्षा /1090 के पम्पलेट का अनावरण किया। वहीं 1090 के प्रचार-प्रसार के लिए संचालित की जा रही एलईडी वैन्स का फ्लैग ऑफ किया गया।

NEWS24ON

इस अवसर पर डीजीपी ने 1090 के 10 वें स्थापना दिवस के अवसर पर सभी को बधाई देते हुए महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन, द्वारा महिलाओं की सुरक्षा के लिए किये जा रहे प्रयासों की सरहना की।

अपर पुलिस महानिदेशक महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन नीरा रावत ने 1090 द्वारा चलाये जा रहे विभिन्न कार्यक्रमों विशेषकर Óहम फर हर व फर्क पड़ता हैÓ के सम्बन्ध में जानकारी दी।

NEWS24ON

इस अवसर पर लखनऊ के साथ ही गैरजनपदों से आये चौकीदारों, एनएसएस व एनवाईके के प्रतिनिधियों को कार्ड वितरण किया।

कार्यक्रम में एडीजी यूपी-112 अशोक कुमार सिंह, सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग के निदेशक शिशिर सिंह, एनएसएस, नेहरू युवा केन्द्र, व्यापार मण्डल, आरडब्लूए, सिक्योरिटी गाड्र्स, विभिन्न सर्विस प्रोवाइडर, कम्पनियों के वरिष्ठ पदाधिकारी व उनके प्रतिनिधि, वैचारिक समागम के प्रबुद्ध महानुभाव गण, स्कूल/कालेज से आये सम्मानित षिक्षक व छात्र/छात्रायें व दूर दराज के गांवों से पधारे ग्राम प्रहरी, विभिन्न जनपदों से आये 1090 के नोडल पुलिस अधिकारी समेत बड़ी संख्या में लोगों ने कार्यक्रम में प्रतिभाग किया।

51 लाख पैम्पलेट व 1.2 लाख स्टीकर से प्रचार-प्रसार

सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग के माध्यम से प्रदेश के समस्त 75 जनपदों व 18 मण्डल मुख्यालयों में निर्धारित रूट चार्ट के अनुसार प्रतिदिन 8 घण्टे महिला सुरक्षा /1090 के प्रचार-प्रसार के लिए एलईडी वैन्स संचालित की जा रही हैं।

इसके अलावा लोगों को और अधिक जागरूक करने के लिए महिला सुरक्षा के प्रचार-प्रसार से सम्बन्धित 51 लाख पैम्पलेट/कार्ड व वाहनों पर चस्पा किये जाने वाले 1.2 लाख स्टीकर तैयार किये गये हैं।

इसके अलावा अन्य कई माध्यमों से किया जा रहा है। इनमें सिक्योरिटी गाड्र्स, प्राइवेट संस्थानों/बैंक/पार्को, महिला सुरक्षा से सम्बन्धित हिन्दी में पोस्टर एंव लघु फिल्म, व्हाट्सएप्प मैसेजेज, रोडबेज बस, ट्रक, बस, ओला, उबर, आटो, नुक्कड़ नाटक शामिल हैं।